देश में एथेनॉल उत्पादन को बढ़ावा देने की सरकारी नीति अब किसानों के लिए संकट का कारण बनती दिख रही है। सरकार भले ही किसानों को “अन्नदाता से ऊर्जादाता” बनाने की बात कर रही हो, लेकिन मक्का किसानों की स्थिति इसके बिल्कुल उलट है। देशभर में मक्के का बाजार भाव MSP के आधे तक गिर गया है, जबकि एथेनॉल उत्पादन की लागत अभी भी तय बेस प्राइस से कहीं ज्यादा है।
किसान संगठन किसान महापंचायत के अध्यक्ष रामपाल जाट ने बताया कि अमेरिका से सस्ते मक्का आयात की अटकलों और बाजार में अनिश्चितता के कारण घरेलू कीमतें तेजी से गिरी हैं। उन्होंने कहा—
“मक्का का बाजार भाव 900 रुपये तक आ गया है, जो MSP और उत्पादन लागत दोनों से बेहद कम है।”
मार्केट में कीमतें MSP से बहुत नीचे
सरकार ने मक्का का MSP 2,400 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है, लेकिन अधिकांश मंडियों में किसानों को यह कीमत तो दूर, आधी कीमत भी नहीं मिल रही।
•नसरुल्लागंज (मध्य प्रदेश): 1,121 रुपये
•नाहरगढ़ (राजस्थान): 1,100 रुपये
•बिहार: 900 रुपये तक
सरकारी अनुमान के अनुसार एक क्विंटल मक्का की उत्पादन लागत 1,952 रुपये है। ऐसे में किसान लागत निकालने के लिए भी संघर्ष कर रहे हैं।
779 उद्योगों को लाभ, किसान घाटे में
रामपाल जाट ने कहा कि एथेनॉल नीति का लाभ खेतों तक नहीं पहुंच रहा।
“एथेनॉल के फायदे सीधे 779 उद्योगों को मिल रहे हैं, जबकि किसान बाजार की मार झेल रहे हैं।”
2025–26 के लिए सरकार ने 1,048 करोड़ लीटर एथेनॉल खरीदने की घोषणा की है, जिसमें
•72% एथेनॉल मक्का से,
•और बाकी गन्ने से बनाया जाएगा।
देश में वर्तमान में 422.81 लाख टन मक्का का उत्पादन होता है। बाजार में यह अटकलें तेज हैं कि कपास की तरह मक्का के सस्ते आयात की अनुमति भी दी जा सकती है, जिससे कीमतों में और गिरावट आने की आशंका है।
किसान महापंचायत की गणना के अनुसार, यदि मक्का का भाव 1,821 रुपये प्रति क्विंटल भी हो, तो भी एथेनॉल का मूल्य कम से कम 54.52 रुपये प्रति लीटर बैठेगा।
मुख्य बिंदु: मक्के का संकट
* कीमतों में गिरावट
MP की नसरुल्लागंज मंडी में भाव 1,121 रुपये, राजस्थान में 1,100 रुपये और बिहार में 900 रुपये।
* MSP दूर की बात
तय MSP 2,400 रुपये है, जिसका लाभ किसानों को नहीं मिल पा रहा।
* लागत भी नहीं निकल रही
उत्पादन लागत: 1,952 रुपये प्रति क्विंटल।
* उत्पादन मजबूत
देश में 120.17 लाख हेक्टेयर में मक्का बोया जाता है, कुल उत्पादन 422.81 लाख टन।