कोच्चि: कोच्चि चाय नीलामी में इस सप्ताह आयोजित सेल नंबर–6 के दौरान मोनिका एस्टेट की सुपर फाइन डस्ट टी ने इतिहास रचते हुए ₹315 प्रति किलो का रिकॉर्ड मूल्य हासिल किया। नीलामी कराने वाली एजेंसी फोर्ब्स, एवर्ट एंड फिगिस (Forbes, Ewart & Figgis) के अनुसार, यह कोच्चि नीलामी में अब तक डस्ट ग्रेड चाय के लिए दर्ज की गई सबसे ऊंची कीमत है।
यह प्रीमियम चाय वुडब्रायर ग्रुप ऑफ एस्टेट्स द्वारा उत्पादित की गई थी और इसे कलाथिंगल टी स्टोर्स, कोझिकोड ने खरीदा।
रमज़ान से पहले मालाबार में तेज़ मांग
व्यापारियों के अनुसार, यह विशेष ब्रांड मालाबार क्षेत्र में काफ़ी लोकप्रिय है, खासकर ऐसे समय में जब केरल में रमज़ान के रोज़ों की तैयारी शुरू हो चुकी है। रमज़ान के दौरान इफ्तार में चाय की अहम भूमिका होती है, जिसके चलते गुणवत्ता वाली डस्ट टी की मांग तेज़ बनी रहती है। कारोबारियों का मानना है कि आने वाले हफ्तों में भी उच्च गुणवत्ता वाली चायों को बेहतर दाम मिलने की संभावना है।
बाज़ार में तेज़ी का रुख
नीलामी में डस्ट और लीफ—दोनों श्रेणियों की चायों को अच्छा समर्थन मिला, क्योंकि बाजार में पेश की गई मात्रा अपेक्षाकृत कम थी, जिससे भाव और मजबूत हो गए।
सीटीसी डस्ट श्रेणी में कुल 5,50,295 किलोग्राम चाय पेश की गई, जिसमें 97 प्रतिशत बिक्री दर्ज की गई। सभी ब्लेंडर्स ने मिलकर बिकने वाली कुल सीटीसी मात्रा का 66 प्रतिशत हिस्सा खरीदा।
कोचीन टी ट्रेड एसोसिएशन के अध्यक्ष अनिल जॉर्ज ने कहा कि बाजार का रुझान लगातार तेज़ बना हुआ है और डस्ट ग्रेड चायों में 99 से 100 प्रतिशत तक बिक्री दर्ज की जा रही है। उन्होंने कहा कि मौसमी उत्पादन फिलहाल सीमित है, जिससे निकट भविष्य में कीमतें मजबूत बने रहने की उम्मीद है।
निर्यात मांग से दक्षिण भारतीय चाय उद्योग को सहारा
अनिल जॉर्ज ने आगे बताया कि दक्षिण भारत से ऑर्थोडॉक्स चायों के निर्यात की मांग मध्य पूर्व, पश्चिम एशिया, रूस और तुर्की जैसे बाज़ारों में मजबूत बनी हुई है। उन्होंने कहा कि बेहतर कीमतों, स्थिर घरेलू मांग और सकारात्मक निर्यात परिदृश्य के चलते दक्षिण भारतीय चाय उद्योग में नई गति देखने को मिल रही है।