भारत और ब्राज़ील ने मौजूदा भारत–मर्कोसुर वरीयता व्यापार समझौते (PTA) के दायरे को विस्तार देने पर सहमति जताई है। यह निर्णय गुरुवार (16 अक्टूबर 2025) को नई दिल्ली में ब्राज़ील के उपराष्ट्रपति जेराल्डो ऑल्कमिन और भारत के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल के बीच हुई बैठक में लिया गया।
मर्कोसुर लैटिन अमेरिका का एक ट्रेडिंग ब्लॉक है, जिसमें ब्राज़ील, अर्जेंटीना, उरुग्वे और पैराग्वे शामिल हैं।
तकनीकी संवाद और समिति की बैठक पर सहमति
वाणिज्य मंत्रालय के अनुसार, दोनों पक्षों ने एक टेक्निकल डायलॉग स्थापित करने और PTA के तहत बनाई गई जॉइंट एडमिनिस्ट्रेशन कमेटी की बैठक जल्द आयोजित करने पर सहमति जताई। उद्देश्य यह है कि pact के विस्तार का स्पष्ट दायरा तय किया जा सके।
दोनों देशों ने यह भी तय किया कि बातचीत शुरू होने के एक वर्ष के भीतर समझौते पर वार्ताओं को पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।
PTA का विस्तार: बड़ा और व्यापक समझौता बनने की तैयारी
2009 में लागू हुआ भारत–मर्कोसुर PTA अभी केवल 450 टैरिफ लाइनों तक सीमित है। अब दोनों पक्ष इसे एक फुल-फ्लेज्ड ट्रेड एग्रीमेंट में बदलना चाहते हैं।
दोनों देशों ने माना कि विस्तार:
•व्यापक और महत्वपूर्ण होना चाहिए
•अधिकतर द्विपक्षीय व्यापार को टैरिफ रियायतों का लाभ मिलना चाहिए
•टैरिफ और नॉन-टैरिफ दोनों मुद्दों को कवर करना चाहिए
•निजी क्षेत्र और स्टेकहोल्डर्स की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जानी चाहिए
ब्राज़ील ने कहा कि वह अपने मर्कोसुर साझेदारों के साथ मिलकर इस समझौते को तेज़ी से, संतुलित और पारस्परिक लाभदायक तरीके से आगे बढ़ाएगा।
भारत–ब्राज़ील व्यापार: $12.19 बिलियन से बढ़ाकर $20 बिलियन का लक्ष्य
ब्राज़ील लैटिन अमेरिकी और कैरिबियन क्षेत्र में भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक भागीदार है।
2024-25 में दोनों देशों के बीच माल व्यापार $12.19 बिलियन रहा। अब लक्ष्य इसे पाँच वर्षों में $20 बिलियन तक पहुँचाने का है।
पीयूष गोयल ने कहा कि PTA विस्तार से भारत को भविष्य में दक्षिण अमेरिकी बाज़ार में बड़े स्तर पर प्रवेश करने में मदद मिलेगी।
उपराष्ट्रपति ऑल्कमिन ने भी उम्मीद जताई कि $20 बिलियन व्यापार लक्ष्य आसानी से प्राप्त किया जाएगा।
उन्होंने यह भी कहा कि डबल टैक्सेशन अवॉइडेंस एग्रीमेंट भारत और ब्राज़ील दोनों के लिए एक सुरक्षित और स्थिर बिजनेस माहौल तैयार करेगा।
ऑल्कमिन ने यह भी घोषणा की:
“हम कृत्रिम बुद्धिमत्ता और हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग में डिजिटल साझेदारी शुरू करने के लिए तैयार हैं।”