एक किसान मधु धाकड़ ने परंपरागत खेती की जगह बागवानी फसलों की खेती की| कुछ सालों की मेहनत और आधुनिक संसाधनों के साथ खेती करने की वजह से मधु धाकड़ करोड़पति किसान बन गए हैं|

मिर्ची, टमाटर जैसी बागवानी फसलों की खेती कर मधु धाकड़ ने शानदार मुनाफा कमाया है| मधु धाकड़ के मुताबिक बागवानी फसलों की खेती में उनकी लागत बढ़ी है, लेकिन कमाई में कई गुना वृद्धि हुई है| धाकड़ के बागवानी खेती करने के फैसले की वजह से इलाके के 400 लोगों को नियमित रूप से रोजगार भी मिला है|
आज से 10 साल पहले मधु धाकड़ ने फसल चक्र बदलने का फैसला किया था| अब धाकड़ अपनी खेती में सिर्फ बागवानी फसलें उगाते हैं| इस साल मधु धाकड़ ने 70 एकड़ में टमाटर, 60 एकड़ में शिमला मिर्च और 20 एकड़ में अदरक लगाया था|

मधु धाकड़ के मुताबिक टमाटर की खेती का खर्च प्रति एकड़ ₹2,00,000 था जबकि आमदनी ₹10.5 लाख हुई| मिर्च की खेती में धाकड़ ने 7 से 8 लाख रुपये प्रति एकड़ की कमाई की है| मधु धाकड़ का मिर्च गुजरात के व्यापारियों ने खरीदकर दुबई निर्यात किया है| की इस तरह की खेती ना सिर्फ मध्य प्रदेश के किसानों के लिए, बल्कि देश भर के किसानों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनकर उभरी है|

मधु धाकड़ ने अपने खेत में मूंगफली की खेती करके अच्छी कमाई की है| मधु का परिवार संयुक्त रूप से खेती करता है| पहले मधु धाकड़ का परिवार गेहूं, चना, सोयाबीन जैसी परंपरागत खेती करता था, लेकिन पिछले कुछ सालों से मधु धाकड़ के परिवार ने खेती से कमाई कर अपनी जमीन बढ़ाकर डेढ़ सौ एकड़ कर लिया है|