मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश तेज़ी से निवेश का हब बन रहा है। बुधवार को यमुना एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (YEIDA) क्षेत्र में दो बड़े प्रोजेक्ट्स को मंज़ूरी मिली। आरपी-संजीव गोयनका ग्रुप 3 जीडब्ल्यू सोलर सेल और इंटीग्रेटेड सोलर इकोसिस्टम हब स्थापित करेगा, जिसमें 60 मेगावॉट कैप्टिव सोलर और एनर्जी स्टोरेज (ESS) प्लांट भी शामिल होगा। 3,000 करोड़ रुपये से अधिक के इस निवेश से न केवल भारत के नवीकरणीय ऊर्जा संक्रमण को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि उत्तर प्रदेश को सोलर मैन्युफैक्चरिंग में अग्रणी राज्य के रूप में स्थापित करेगा।
वहीं, मिंडा कॉर्पोरेशन लिमिटेड YEIDA के सेक्टर-10 में 500 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश से वायरिंग हार्नेस, सेंसर और कनेक्टर्स प्रोजेक्ट स्थापित करेगी। यह यूनिट ऑटोमोबाइल सेक्टर की ज़रूरतों को ध्यान में रखते हुए क्लस्टर्स और किफ़ायती इंजीनियरिंग समाधान विकसित करेगी।
दोनों परियोजनाओं से मिलकर 7,000 से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होंगे। संजीव गोयनका ग्रुप के इंटीग्रेटेड सोलर हब में अत्याधुनिक TOPCon और Perovskite-Tandem सेल तकनीक विकसित की जाएगी, जो 28-30% तक की दक्षता प्रदान कर सकेगी और बिजली की लागत 10-15% तक कम करने में मदद करेगी। इस परियोजना के लिए YEIDA ने सेक्टर-8D में 100 एकड़ भूमि आवंटित की है और इंटेंट लेटर जारी कर दिया है।
मिंडा का निवेश विशेष रूप से इलेक्ट्रिक वाहन (EV), स्वचालित ड्राइविंग और ADAS तकनीक के बढ़ते बाज़ार को ध्यान में रखकर किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की निवेश-हितैषी नीतियों, बेहतर क़ानून व्यवस्था और मज़बूत आधारभूत संरचना के चलते उत्तर प्रदेश अब वैश्विक कंपनियों के लिए पसंदीदा निवेश गंतव्य बन गया है।



