असम के गोलाघाट में न्यूमालिगढ़ रिफाइनरी लिमिटेड (NRL) में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने और जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता कम करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुनिया की पहली 2G बायोइथेनॉल प्लांट का उद्घाटन किया और 360 KTPA क्षमता वाले पॉलीप्रोपिलीन (PP) प्लांट का शिलान्यास किया।
बायोइथेनॉल प्लांट में पहले ही 5,000 करोड़ रुपये का निवेश किया गया है, जबकि पॉलीप्रोपिलीन प्लांट में 2028 तक 7,000 करोड़ रुपये का निवेश होगा। बायोइथेनॉल प्लांट में फिनलैंड की कंपनी Chempolis की तकनीक का उपयोग किया गया है, जबकि पॉलीप्रोपिलीन प्लांट में Lummus Technology की तकनीक लागू की जाएगी।
यह प्लांट हर साल 5 लाख टन बांस की खपत करेगा और 50 TMT इथेनॉल, 19 TMT फर्फुरल और 11 TMT एसीटिक एसिड का उत्पादन करेगा। ABEPL निर्यात के अवसरों का भी अध्ययन कर रहा है। बायोइथेनॉल प्लांट फार्मा API उद्योग के लिए भी बड़ा लाभकारी साबित होगा। इसके अलावा, प्लांट में खाद्य ग्रेड CO2 और 25 मेगावाट हरित बिजली का उत्पादन भी होगा।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि असम वह भूमि है जो भारत की ऊर्जा क्षमताओं को मजबूत करती है। उन्होंने यह भी बताया कि असम से उत्पन्न पेट्रोलियम उत्पाद देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।
मोदी ने बांस से बायो-इथेनॉल बनाने वाले आधुनिक प्लांट का उद्घाटन करते हुए इसे असम के लिए गर्व की बात बताया। उन्होंने कहा कि ये परियोजनाएँ असम में औद्योगिक विकास को बढ़ावा देंगी, राज्य के विकास की गति को तेज करेंगी और किसानों तथा युवाओं के लिए नए अवसर पैदा करेंगी।
प्रधानमंत्री ने कहा, “भारत वर्तमान में दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था है। जैसे-जैसे देश आगे बढ़ रहा है, बिजली, गैस और ईंधन की मांग भी बढ़ रही है। हम लंबे समय से इन ऊर्जा जरूरतों के लिए विदेशी स्रोतों पर निर्भर रहे हैं, जिससे करोड़ों रुपये अन्य देशों में चले जाते थे। अब भारत ने ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में कदम बढ़ाया है।”
मोदी ने यह भी बताया कि बायो-इथेनॉल प्लांट के संचालन के लिए बांस की स्थिर आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। सरकार स्थानीय किसानों को बांस की खेती में मदद करेगी और सीधे बांस खरीद भी करेगी। क्षेत्र में छोटे बांस चिपिंग यूनिट्स भी स्थापित किए जाएंगे। इस क्षेत्र में प्रतिवर्ष लगभग 200 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे और इस प्लांट से हजारों लोगों को लाभ मिलेगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि असम को अब एक आधुनिक पॉलीप्रोपिलीन प्लांट का उपहार मिला है। यह प्लांट ‘Make in Assam’ और ‘Make in India’ की नींव को मजबूत करेगा और क्षेत्र के अन्य निर्माण उद्योगों को भी बढ़ावा देगा।
मोदी ने जोर देकर कहा, “असम में विकास का नया युग शुरू हो गया है और असम व्यापार और पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनने की दिशा में अग्रसर है।” उन्होंने सभी को इन विकास परियोजनाओं के लिए शुभकामनाएँ दी।
इस अवसर पर असम के मुख्यमंत्री हेमंता बिस्वा सरमा, केंद्रीय मंत्री सरबनंदा सोनोवाल, हरदीप सिंह पुरी सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।



