नई दिल्ली। कॉटन कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (CCI) द्वारा कपास के दाम घटाने और थोक खरीदारों के लिए छूट योजना शुरू करने से देश में कपास की मांग में तेजी देखी जा रही है। इसके साथ ही लगातार बारिश के कारण नई फसल की कटाई में संभावित देरी की आशंका ने भी पिछले दो दिनों में बिक्री को और बढ़ावा दिया है।
व्यापार सूत्रों के अनुसार, सितंबर के शुरुआती दो दिनों में सीसीआई ने 3.5 लाख गांठों (bales) से अधिक कपास बेची, जबकि पूरे अगस्त माह में बिक्री केवल 1.24 लाख गांठों से कुछ ज्यादा रही थी।
कॉटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष अतुल गणात्रा ने बताया कि “अधिकांश गांठें व्यापारी स्टॉकिंग के लिए खरीद रहे हैं, जबकि मिलों की खरीद कम है क्योंकि धागे की खपत धीमी है और कीमतों में गिरावट देखी जा रही है।”
सीसीआई की इस छूट योजना से जहां थोक खरीदारों को राहत मिली है, वहीं आने वाले दिनों में बाजार में कपास की मांग और आपूर्ति की स्थिति पर इसका महत्वपूर्ण असर देखने को मिल सकता है।



